कोलकाता: भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने Aadhaar Samvaad के दौरान पांच नई पहलों की घोषणा की है। इन पहलों का उद्देश्य Aadhaar आधारित सेवाओं को अधिक सुलभ, सुरक्षित और उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाना है। कार्यक्रम में 600 से अधिक नीति निर्माताओं, उद्योग प्रतिनिधियों, तकनीकी विशेषज्ञों और नवाचार क्षेत्र से जुड़े प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
ePDS में Face Authentication
UIDAI ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए consent-based और contactless Face Authentication विकल्प को आगे बढ़ाया है। यह उन परिस्थितियों में अतिरिक्त authentication mode उपलब्ध करा सकता है जहां fingerprint authentication कठिन हो। राज्य और केंद्र शासित प्रदेश इसे अपने ePDS सिस्टम में शामिल कर सकते हैं।
SWIK Portal 2.0
SWIK Portal 2.0 के माध्यम से Aadhaar Authentication for Good Governance framework के तहत अनुमोदन प्रक्रिया को अधिक संरचित बनाने का प्रयास किया गया है। पात्र गैर-सरकारी संस्थाएं अनुमत use cases के लिए संबंधित मंत्रालय या विभाग को प्रस्ताव ऑनलाइन भेज सकेंगी।
कम वॉल्यूम वाले उपयोगकर्ताओं के लिए नया framework
Sub-AUA/Sub-KUA (LITE) Framework का उद्देश्य कम authentication volume वाली सरकारी और पात्र गैर-सरकारी संस्थाओं को मौजूदा AUA/KUA infrastructure के जरिए सरल onboarding उपलब्ध कराना है। UIDAI के अनुसार सुरक्षा, गोपनीयता और नियामकीय आवश्यकताएं लागू रहेंगी।
डिजिटल पहचान और सेवा वितरण
इन पहलों का व्यापक उद्देश्य Aadhaar आधारित service delivery में सुविधा बढ़ाना, authentication के विकल्पों को मजबूत करना और digital governance को अधिक प्रभावी बनाना है।



